ईरान और अमेरिका युद्ध का असर पूरी दुनिया पर पड़ रहा है। एलपीजी, पेट्रोलियम पदार्थों की किल्लत बढ़ रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में भी यह साफ कहा है कि यह समस्या और बड़ी हो सकती है। अब सवाल यह है कि यह संकट कितना बड़ा है। एक तरफ सरकार LPG सप्लाई को “सामान्य” बता रही है, तो दूसरी तरफ दिल्ली जैसे शहरों में जमीनी हालात चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। ऐसे में यह साफ है कि संकट का बड़ा कारण अफवाह, पैनिक बुकिंग और वैश्विक सप्लाई बाधा का मिला-जुला असर है। यह भी पढ़ें-